छत्तीसगढ़

माता तुलसी-सालिग्राम का रचाया विवाह

Publish Date: | Tue, 16 Nov 2021 12:04 AM (IST)

खरोरा। अंचल में सोमवार को कार्तिक शुक्ल पक्ष में देवउठनी एकादशी का पर्व आस्था के साथ मनाया गया। लोगों ने घरों में तुलसी विवाह कर विधि-विधान से पूजा की। हिंदुओं के संस्कार अनुसार तुलसी की हर घर देवी के रूप में पूजा की जाती है। इसकी नियमित पूजा से पापों से मुक्ति मिलती है।बताया जाता है कि देवशयनी एकादशी के दिन से भगवान श्री विष्णु क्षीरसागर में शयन करने चले जाते हैं और देवउठनी के दिन भगवान जागते हैं। इसके साथ ही मांगलिक कार्यों की भी शुरुआत हुई। देवउठनी एकादशी पर नगर में लोगों ने अपने घरों में गन्नो का मंडप सजा का तुलसी व सालिग्राम का विवाह किया घर का हर कोना दीयों और रंग-बिरंगी रोशनी से जगमगाया। मंदिरों में भी विशेष धार्मिक अनुष्ठान हुए। इससे पहले श्रद्घालुओं ने पूरे दिन निर्जला व्रत रखकर पूजन किया। दीपावली के बाद सन्नााटा पसरा गांव में भी शाम को तुलसी विवाह के बाद पटाखों की धमक गूंजी और रंगोंलियों से हर द्वार सजा हुआ था। राउत लोग गाय, भैंस को सोहाई बांधकर दोहा के साथ आशीष दिए। देवउठनी एकादशी के साथ ही मांगलिक कार्य और शुभ कार्य प्रारंभ हो गया। लोगों ने अपने पुत्र- पुत्रियों के विवाह के लिए शुभ मुहूर्त देखना शुरू कर दिया॥—–अंचल के ग्रामीणों ने किया गौरी-गौरा पूजनबलौदाबाजार। अंचल के ग्रामीणजनों ने देवउठनी व तुलसी पूजा पर्व के अवसर पर धूमधाम के साथ गौरी-गौरा पूजन का आयोजन किया। ग्राम पंचायत कुकुरडीह व शुक्लाभाठा में गौरी-गौरा की मनोरम झांकी निकाली गई। उक्त अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष राकेश वर्मा उपस्थित हुए और गौरी-गौरा का पूजन सुख शांति की कामना की। उक्त अवसर पर मदन लाल पोर्ते, केके वर्मा, कन्हैया जांगड़े, भानू वर्मा, सोनू वर्मा, संतोष ध्रुव, सत्या ध्रुव, अशोक जांगडे, उत्तम ध्रुव, रामभरोस यादव, संतोष नेताम, शिव ध्रुव, राजेश मिश्रा, मदन वर्मा, नीरज वर्मा व अन्य ग्रामवासी उपस्थित रहे।

Posted By: Nai Dunia News Network

 

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